सङ्गाेर मिथिला
परिचय
सङ्गोर मिथिला नेपाल स्क्रिप्ट त्रुटि: "webarchive" ऐसा कोई मॉड्यूल नहीं है। Sangor Mithila Nepal युवाओद्वारा संचालित एक सामाजिक संस्था हैं। यें लहानकें,सिरहामें हैं।"सङ्गोर" मैथिली भाषा की देहाती शब्द हैं। जिसका अर्थ हैं "एक जुट होना या समूहमें होना" ।सन् २०१५ मे स्थापना हुइ और यें संस्था मातृभाषा मैथिली साहित्य,कला ,संस्कृति तथा सामाजिक विकास के लिये विभिन्न कार्य किया हैं। प्राय: सामाजिक ,साहित्यिक चेतनाके स्तरसे मैथिली भाषामें विद्यार्थीयोंके बीच वक्तृत्वकला , प्रश्नोत्तर कार्यक्रम, सरसफाइ कार्यक्रम ,साहित्यिक गोष्ठी तथा विपदमें सहयोग भी करहें हैं। हाल सिरहा और सप्तरीकें हनुमाननगरमे औपचारिक रुपसें एकाइ विस्तार किया हैं।
क्षेत्र
यें नेपालके तराइ मधेशके पूर्वी क्षेत्र नेपालीय मिथिलामे संचालित एक सामाजिक संस्था हैं।जिसका प्रधान कार्यलय लहान सिरहामे हैं। यह मूख्यतह मातृभाषाकी साहित्य,कला,संगीतकें लिये यूवकाेद्वारा चलाइ जाती हैं। "सङ्गाेर" मैथिली भाषाकी शब्द हैं , जिसका मतलब एक जुट हाेना,ज्यादा लाेगाे कि एकता व समूह भी हाेता हैं।
इतिहास
सन् २०१६ मे इसकी सुरुवात हुइ। लहानमे विद्यार्थीयाेंके विच कइ वक्तृत्वकला प्रतियाेगिता,प्रश्नाेतर कार्यक्रम,साहित्यिक गाेष्ठी ,नृत्य कार्यक्रम ,गायन कार्यक्रम करती आयी हैं।मैथिली भाषा की समुचित विकास करना ,सामाजिक कार्य करना इनका मुल उदेश्य हैं। हनुमाननगर कंकालिनि नगरपालिकामें एकाइ समिति भी खाेलि गइ हैं।